एक महिला एक मनोचिकित्सक के पास गई और उससे बोली कि–
“मैं शादी नहीं करना चाहती.. मैं शिक्षित, स्वतंत्र और आत्मनिर्भर हूं.. मुझे पति की जरूरत नहीं है.. फिर भी मेरे माता-पिता मुझसे शादी करने के लिए कह रहे हैं… आप सुझाव दीजिए कि मैं क्या करूं?”
मनोचिकित्सक ने उत्तर दिया:–
“आप निस्संदेह अपने जीवन में बहुत कुछ हासिल करोगी.. लेकिन किसी दिन अनिवार्य रूप से जिस तरह से आप चाहती हैं वैसे नहीं हो पाया या कुछ कुछ गलत हो जाएगा अथवा कभी-कभी आप असफल हो जाएंगी या फ़िर कभी-कभी आपकी योजनाएं फेल हो जायेंगी या आपकी इच्छाएं पूरी नहीं होंगी.. उस समय आप किसे दोष देंगी ?.. क्या आप खुद को दोषी मानेंगी ?”
महिला:- “नहीं.. हरगिज़ नहीं..”
मनोचिकित्सक:- “इसीलिए आपको एक पति की आवश्यकता है. ताकि जब भी आपका मूड 😰खराब हो… तब आप सारा दोष अपने पति को देकर अपना मन हल्का कर सकें……।”😂😏….
क्या सचमुच..? मनोचिकित्सक, ने जो कहा.. वह कहां तक सही है यार प्लीज बताएं…????😒…
💕आपकी अपनी #Neha💕



